नौकर बना काल
September 12, 2019 • Bishan Gupta

रिपोर्ट -विजेन्द्र  चौधरी 

फ्रिज को बनाया मौत का ताबूत

दिल्ली के पॉश इलाके ग्रेटर कैलाश पार्ट -२ में एक नौकर ने अपने बुजुर्ग मालिक की पहले तो हत्या कर दी और फ़िर उनकी लाश को फ्रिज में छुपाकर ले गया और दफ़न कर दिया।

राजधानी दिल्ली के ग्रेटर कैलाश पार्ट -२ के मकान नम्बर -m  ७५ से पुलिस को एक महिला की कॉल आई कि उनके पति , नौकर घर से गायब हैं। इसके बाद जब पुलिस मौके पर पहुंची तो पता चला कि सरोज खोसला नाम की उन महिला के पति कृष्ण खोसला, नौकर किशन के साथ ही घर का डबल डोर फ्रिज, कैश और जूलरी भी गायब थी। जब पुलिस ने मामले की तफ़्तीश की , तो पता चला कि घर के नौकर के साथ कुछ लोग आये थे, और घर के फ्रिज को ले गये। जब कॉलोनी के सुरक्षाकर्मी ने इस बारे में घर के नौकर से पूछा, तो उसने बताया कि वो फ्रिज को रिपेयर करवाने के लिए ले जा रहे हैं। इसके बाद पुलिस को घर के नौकर किशन पर शक हुआ। जब पुलिस ने किशन के फ़ोन को सर्विलांस पर लेकर जांच की , तो उसकी लोकेशन उत्तर प्रदेश के कासगंज की आ रही थी। इसके बाद पुलिस ने कासगंज में दबिश देकर आरोपी किशन और उसके साथियों को धर दबोचा। पुलिस के मुताबिक, बिहार के रहने वाले किशन ने बताया कि उसके मालिक कृष्ण खोसला ने उसे  कई बार डांट लगाई थी, जिसके चलते वो खुद को अपमानित महसूस कर रहा था। इस कारण उसने अपने मालिक को खत्म करने की ठान ली। उसने पहले तो खोसला दम्पत्ति की चाय में नशीला पदार्थ मिला दिया और जब दोनों चाय पीकर बेहोश हो गये, तो उसने अपने मालिक कृष्ण खोसला की गला दबाकर हत्या कर दी। चूंकि उसे अपनी मालकिन सरोज खोसला से कोई गिला शिकवा नहीं था, इसलिए उसने उन्हें कोई शारीरिक नुकसान नहीं पहुंचाया। इसके बाद उसने घर में रखा कैश और कीमती जलरी खंगाल ली और अपने कुछ साथियों के साथ मिलकर कृष्ण खोसला की लाश को फ्रिज में रखा और एक टेम्पो में डालकर संगम विहार स्थित अपने किराये के घर में ले गया, जहां उन्होंने घर के आंगन में गड्ढा खोदकर लाश को दफ़न दिया। किशन ने पुलिस को बताया कि उसने लाश को ठिकाने लगाने के लिए फ्रिज का इस्तेमाल इसलिए किया, ताकि लाश ले जाते समय किसी को पता न चले और लाश की बदबू इधर-उधर ना फैले। उसका यह प्लान पूरी तरह काम कर गया। जब वो लाश को फ्रिज में रखकर ले जा रहा था, तो किसी को उस पर शक नहीं हुआ और वो आसानी ने अपने मालिक कृष्ण खोसला की लाश को घर से बाहर ले गया।

दक्षिणी दिल्ली के ग्रेटर कैलाश में कृष्ण खोसला अपनी पत्नी सरोज खोसला के साथ रहते थे। कृष्ण खोसला संयुक्त राष्ट्र से रिटायर कर्मचारी थे। उनके दो बेटे हैं। बड़े बेटे सुभाष खोसला ग्रेटर कैलाश पार्ट -२ के डब्लू ब्लॉक में रहते हैं, और अपना कारोबार करते हैं, जबकि छोटा बेटा आस्ट्रेलिया में अपने परिवार के साथ रहता है। खोसला दम्पत्ति ने अपनी  देखभाल और घर के कामों के लिए किशन नाम के एक नौकर को रखा हुआ था। पिछले कुछ दिनों से किशन अपने बुजुर्ग मालिक से आहत था। वजह थी किशन को उसके बुजुर्ग मालिक ने उसकी छोटी-मोटी गलती के लिए डांट दिया था। किशन ने अपने मालिक की डांट को अपने दिल पर ले लिया और किसी भी कीमत पर अपने मालिक को उनके व्यवहार के लिए सबक सिखाना चाहता था। इसके लिए किशन ने एक षड़यंत्र रचा। षड़यंत्र था अपने मालिक कृष्ण खोसला की हत्या का। किशन ने अपनी साजिश को अंजाम देने के लिए अपने कुछ दोस्तों को भी अपने प्लान में शामिल कर लिया। इसके बाद वो वारदात को अंजाम देकर उत्तर प्रदेश के कासगंज भाग गया, लेकिन पुलिस ने उसे साथियों समेत धर दबोचा